
Uttarakhand voter list update : duplicate voter name rule : Form 7 voter deletion: Election Commission duplicate entry : voter list correction : उत्तराखण्ड के लोगों के लिए एक जरूरी और सतर्क करने वाली खबर सामने आई है। अगर किसी व्यक्ति का नाम दो अलग-अलग जगहों की मतदाता सूची में दर्ज है…तो अब इसे नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है। Election Commission of India ने स्पष्ट कर दिया है कि दोहरी प्रविष्टि (डुप्लीकेट नाम) रखने वाले मतदाताओं पर सख्त कार्रवाई की जा सकती है।
राज्य जैसे Uttarakhand में यह समस्या ज्यादा देखने को मिलती है क्योंकि लोग पढ़ाई, नौकरी या अन्य कारणों से गांव से शहर या एक जिले से दूसरे जिले में शिफ्ट हो जाते हैं। कई बार नया वोटर कार्ड बनवाते समय पुरानी जगह से नाम कटवाना भूल जाते हैं…और यहीं से परेशानी शुरू होती है।
कानून क्या कहता है?
भारत के चुनाव कानून के अनुसार जानबूझकर गलत जानकारी देकर दो जगह नाम दर्ज कराना अपराध की श्रेणी में आता है। दोष साबित होने पर एक साल तक की जेल, जुर्माना या दोनों सज़ाएं हो सकती हैं। चुनाव विभाग का साफ कहना है कि मतदाता सूची की शुद्धता लोकतंत्र की मजबूती के लिए बेहद जरूरी है, इसलिए इसमें किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अब तकनीक से पकड़ी जा रही है डुप्लीकेट एंट्री
चुनाव आयोग अब आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल कर रहा है। आधार से जुड़ी जानकारी, फोटो और अन्य विवरणों का मिलान सॉफ्टवेयर के जरिए किया जा रहा है। अगर एक ही व्यक्ति का नाम अलग-अलग जगह मिलता है, तो सिस्टम तुरंत अलर्ट देता है। इसके बाद जांच कर संबंधित नाम हटाने या कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू होती है।
राहत की बात: नाम हटाने की प्रक्रिया आसान
अगर आपका नाम दो जगह दर्ज है तो घबराने की जरूरत नहीं आप खुद इसे ठीक कर सकते हैं। नाम हटवाने के लिए आपको फॉर्म-7 भरना होता है। यह काम आप घर बैठे ऑनलाइन कर सकते हैं, वोटर हेल्पलाइन ऐप के जरिए या National Voter Service Portal की वेबसाइट पर जाकर, ऑनलाइन आवेदन करने के बाद संबंधित विधानसभा क्षेत्र से आपका नाम हटाने की प्रक्रिया शुरू हो जाती है।
अधिकारियों की अपील
सहायक मुख्य निर्वाचन अधिकारी Mastu Das ने नागरिकों से अपील की है कि वे स्वेच्छा से आगे आकर केवल एक ही स्थान पर अपना नाम रखें। इससे न सिर्फ कानूनी परेशानी से बचाव होगा…बल्कि चुनाव प्रक्रिया भी निष्पक्ष और पारदर्शी बनेगी।






