
Rajasthan Budget 2026 : BHAJAN LAL SHARMA : DIYA KUMARI FINANCE MINISTER : BUDGET OF RAJASTHAN
राजस्थान की भजनलाल सरकार बुधवार को अपने कार्यकाल का तीसरा बजट पेश करने जा रही है। वित्त मंत्री दिया कुमारी विधानसभा में वर्ष 2026-27 का आय-व्यय विवरण रखेंगी। इस बजट को लेकर राज्यभर में उम्मीदें टिकी हुई हैं कि आने वाले एक साल में सरकार किन वर्गों को कितनी राहत और कौन-सी नई सौगातें देगी।
संकेतों के मुताबिक, इस बार का बजट युवाओं, महिलाओं, किसानों, शहरी-ग्रामीण विकास और बुनियादी ढांचे को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। सरकार रोजगार, सामाजिक सुरक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर को रफ्तार देने के लिए कई बड़े फैसलों का ऐलान कर सकती है।
रोजगार पर हो सकता है बड़ा दांव: 1.50 लाख नई भर्तियों की तैयारी
सरकार का फोकस इस बार रोजगार सृजन पर साफ नजर आ रहा है। पिछले बजट में एक लाख नौकरियों की घोषणा के बाद अब करीब डेढ़ लाख नई भर्तियों का रोडमैप सामने आ सकता है।
सूत्रों के अनुसार, आरएएस और शीर्ष पदों को छोड़कर अधिकांश भर्तियों में इंटरव्यू प्रक्रिया समाप्त कर केवल परीक्षा आधारित चयन व्यवस्था लागू की जा सकती है। मुख्यमंत्री फेलोशिप योजना का दायरा बढ़ाकर अधिक युवाओं को इससे जोड़ा जा सकता है।
इसके साथ ही संविदा कर्मचारियों के मानदेय में बढ़ोतरी और सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं में लगभग 15 प्रतिशत इजाफे की घोषणा की संभावना जताई जा रही है।
इंफ्रास्ट्रक्चर को नई रफ्तार
राज्य में सड़क, परिवहन और शहरी सुविधाओं के विस्तार को लेकर बजट में कई अहम फैसले हो सकते हैं। बीकानेर, जैसलमेर, जोधपुर, सीकर, झालावाड़, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, धौलपुर समेत करीब 15 शहरों में रिंग रोड और ग्रीन फील्ड एक्सप्रेस-वे के लिए वित्तीय प्रावधान किया जा सकता है।
धार्मिक और पर्यटन स्थलों से जुड़े शहरों के विकास के लिए ‘सिटी इकोनॉमिक रीजन’ योजना की घोषणा संभव है। जयपुर मेट्रो फेज-2 के दूसरे चरण को आगे बढ़ाने, एयरपोर्ट कनेक्टिविटी सुधारने और पार्किंग समस्या के समाधान के लिए पीपीपी मॉडल पर नए प्रोजेक्ट लाने की तैयारी भी बजट में दिख सकती है। इसके अलावा वेडिंग डेस्टिनेशन और शेखावाटी क्षेत्र में हैरिटेज टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए आर्थिक सहायता का प्रावधान किया जा सकता है।
किसानों को राहत: सम्मान निधि और बोनस में बढ़ोतरी
कृषि क्षेत्र के लिए बजट में कई अहम घोषणाएं होने की संभावना है। किसान सम्मान निधि की राशि को चरणबद्ध तरीके से बढ़ाकर 12 हजार रुपये तक ले जाने का संकेत मिल रहा है।
ब्याजमुक्त फसली कर्ज योजना का विस्तार कर अधिक किसानों को इससे जोड़ा जा सकता है। गेहूं सहित कुछ फसलों पर एमएसपी बोनस, बाजरा और ज्वार की सरकारी खरीद, नई सिंचाई योजनाओं और हाईटेक खेती को बढ़ावा देने के लिए अतिरिक्त बजट मिल सकता है।
डेयरी सेक्टर में दूध खरीद बोनस बढ़ाने, पशुधन बीमा योजना के विस्तार और महिलाओं के लिए विशेष डेयरी प्रोत्साहन योजनाएं भी बजट का हिस्सा बन सकती हैं। बाड़मेर में अनार और सवाईमाधोपुर में अमरूद प्रोसेसिंग यूनिट स्थापित करने की घोषणा भी संभव है।
महिलाएं और बच्चे: सामाजिक योजनाओं पर जोर
लखपति दीदी योजना का विस्तार, मेधावी छात्राओं के लिए स्कूटी योजना में बढ़ोतरी और महिला स्वयं सहायता समूहों को अतिरिक्त वित्तीय सहायता देने पर सरकार विचार कर सकती है।
आंगनवाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं के लिए प्रोत्साहन राशि बढ़ाने की घोषणा भी बजट में शामिल हो सकती है। इसके साथ ही दो से अधिक बच्चों वाले लोगों पर चुनाव लड़ने से जुड़ी रोक हटाने को लेकर विधेयक लाने का संकेत भी बजट सत्र में मिल सकता है।
शिक्षा और स्वास्थ्य पर निवेश
सरकारी स्कूलों की मरम्मत और बुनियादी सुविधाओं के लिए सीएसआर सहयोग से बजट प्रावधान किया जा सकता है। जिन जिलों में अभी मेडिकल कॉलेज नहीं हैं, वहां नए मेडिकल कॉलेज खोलने का ऐलान संभव है।
स्वास्थ्य विभाग में लंबे समय से खाली पड़े डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ के पदों को भरने के लिए भी बड़े पैमाने पर भर्तियों की घोषणा की जा सकती है।






