
Uttarakhand News : Roorkee : Cyber Fraud : WhatsApp Scam : Online Theft : नये वर्ष के शुभकामना संदेशों का फायदा उठाकर साइबर ठग लगातार लोगों के खातों में सेंधमारी कर रहे हैं। ऐसा ही मामला महावीर एन्कलेव निवासी एमआर सुनील मौर्य के साथ हुआ। गुरुवार की रात को उन्होंने वाट्सएप पर एक अज्ञात नंबर से आए संदेश को खोला और केवल एक मिनट के भीतर उनके बैंक खाते से 80 हजार रुपये की रकम गायब हो गई।
पीड़ित ने तुरंत साइबर अपराध रोकने वाले टोल फ्री नंबर पर शिकायत की और सिविललाइंस थाने में भी तहरीर दी। पुलिस ने बताया कि यह संदेश एक फाइल के रूप में भेजा गया था। जैसे ही फाइल खोली गई….मोबाइल फोन हैक हो गया और ठग सीधे मोबाइल के माध्यम से खाते तक पहुँच बना रहा था।
पुलिस क्षेत्राधिकारी नरेंद्र पंत ने कहा कि साइबर ठग लगातार नए-नए तरीके खोज रहे हैं। कभी खाते की केवाइसी मांगते हैं….तो कभी जानी-पहचानी आवाज में झांसा देकर रकम हड़प लेते हैं। उन्होंने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की और कहा कि अनजान व्यक्ति द्वारा भेजे गए लिंक या फाइल को बिल्कुल भी न खोलें….और परिचितों से संदिग्ध फाइल के बारे में पूछकर ही खोलें। यदि थोड़ी भी लापरवाही हुई, तो बिना ओटीपी के ही खाते से रकम गायब हो सकती है।
रुड़की में एक और मामला सामने आया….जिसमें एक फैक्ट्रीकर्मी शुभम कुमार के खाते से साइबर ठगों ने 39 हजार रुपये उड़ा लिए। ठग ने कॉल कर खुद को बैंक अधिकारी बताकर क्रेडिट कार्ड ब्लॉक होने का झांसा दिया और लिंक भेजा। शुभम ने लिंक खोलते ही रकम गायब हो गई।
पुलिस ने दोनों मामलों में जांच शुरू कर दी है। वहीं करीब पांच दिन पहले आदर्शनगर के एक शिक्षक से भी क्रेडिट कार्ड एप डाउनलोड करने का झांसा देकर 1 लाख 30 हजार रुपये की ठगी की जा चुकी है।
पुलिस लगातार लोगों को आगाह कर रही है कि किसी भी अज्ञात लिंक या फाइल पर क्लिक न करें, और ऑनलाइन वित्तीय लेन-देन में हमेशा सतर्क रहें।






