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हल्द्वानी में उत्तराखंड का पहला फाइन आर्ट स्टूडियो…कुसुम पांडे बनीं कलाकारों की गाइड


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हल्द्वानी: आज के जमाने में करियर बनाने के मामले में बच्चों के साथ साथ अभिभावकों पर भी खासा दबाव रहता है। आधुनिकता के इस दौर में शौक को पेशे में बदलने का हुनर युवा जानते हैं। हल्द्वानी उत्तर गौजाजाली स्थित रंग गीत आर्ट सेंटर की संस्थापक कुसुम पांडे युवाओं को फाइन आर्ट्स में करियर बनाने में मदद कर रही हैं।

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पहले आपको बता दें कि रंग गीत आर्ट सेंटर उत्तराखंड का पहला फाइन आर्ट स्टूडियो है। हल्द्वानी निवासी कुसुम पांडे स्टूडियो का सफल संचालन कर रही हैं। कुसुम पांडे ने फाइन आर्ट में छत्तीसगढ़ से ग्रेजुएशन और दिल्ली कॉलेज को आर्ट्स से पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। उन्होंने अपने शौक को आगे बढ़ाने के साथ साथ कलाकारों को एक मंच देने के लिए रंगीत आर्ट सेंटर शुरू किया है।

इसमें कोई दोराय नहीं कि हल्द्वानी, कुमाऊं या समूचे उत्तराखंड में दृश्य कला का क्रेज बहुत ज्यादा नहीं है। ऐसा नहीं है कि यहां युवा फाइन आर्ट नहीं करते या बेहतर तरह से नहीं समझते। लेकिन उत्तराखंड में फाइन आर्ट में करियर बनाने के लिए संसाधनों और प्लेटफार्म की कमी है। इस दिशा में रंग गीत आर्ट सेंटर वाकई एक खास शुरुआत है।

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स्टूडियो की शुरुआत के बारे में कुसुम पांडे बताती हैं कि कलाकारों को बाहर ना जाना पड़े और अपने उत्तराखंड में ही मौके मिलें, इसी उद्देश्य से हमने रंग गीत आर्ट सेंटर की शुरुआत की। अभिभावकों और बच्चों को अक्सर नहीं पता होता कि उन्हें आखिर इस फील्ड में आगे बढ़ना है। ऐसे में रंग गीत आर्ट सेंटर में माहौल बनाने का काम होता है। यहां सब एक दूसरे के टीचर हैं।

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कुसुम पांडे ने बताया कि आर्ट सेंटर में बाहर के आर्टिस्ट भी आमंत्रित हैं। वे आकार अपने तौर तरीके साझा करते हैं। बता दें कि फाइन आर्ट में पेंटिंग, स्कल्पचर और प्रिंट मेकिंग की विधाएं शामिल। कुसुम पांडे का मानना है कि हमारे स्टूडियो में बच्चों को फाइन आर्ट के सरकारी कॉलेजों में दाखिले दिलाने के लिए ट्रेनिंग दी जाती है। बच्चों को आर्ट की एबीसीडी से लेकर सब कुछ सिखाया जाता है।

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कमाई के मामले में फाइन आर्ट के फील्ड में कोई सीमा नहीं है। इस पर कुसुम पांडे कहती हैं कि ये आपकी मेहनत और शौक पर निर्भर करता है। कुसुम पांडे के मुताबिक जहां शौक है वहां कमाई ज्यादा मायने नहीं रखती। हालांकि उत्तराखंड के कई कलाकार पेन पेपर से शुरुआत करने के बाद आज लाखों रुपए कमा रहे हैं। बता दें कि कुसुम पांडे महानगरों समेत अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी कलाकारी को प्रदर्शित करती रहती हैं। आप सोशल मीडिया के जरिए रंग गीत आर्ट सेंटर से जुड़ सकते हैं।

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