
CharDhamYatra | UttarakhandRain | WeatherAlert : उत्तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश को देखते हुए प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाए हैं। मौसम विभाग द्वारा जारी ऑरेंज अलर्ट के बाद 28 और 29 जुलाई के लिए चारधाम यात्रा अस्थायी रूप से स्थगित कर दी गई है। प्रशासन का कहना है कि मौसम सामान्य होने के बाद ही यात्रा दोबारा शुरू करने पर फैसला लिया जाएगा।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार राज्य के कई जिलों में अगले दो दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। लगातार बारिश के कारण चारधाम यात्रा मार्गों पर कई स्थानों पर भूस्खलन हुआ है…जिससे सड़कें बाधित हो गई हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए गढ़वाल मंडल प्रशासन ने यात्रा रोकने का निर्णय लिया है।
मौसम विभाग ने उत्तरकाशी, देहरादून, टिहरी, रुद्रप्रयाग, चमोली, ऊधम सिंह नगर, बागेश्वर, पिथौरागढ़ और नैनीताल जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। इन क्षेत्रों में तेज बारिश, आकाशीय बिजली और तेज गर्जना की भी संभावना जताई गई है।
इसके अलावा 29 जुलाई को भी उत्तरकाशी, देहरादून, टिहरी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और नैनीताल जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी रहेगा। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और मौसम को देखते हुए ही यात्रा करने की सलाह दी है।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के फ्लैश फ्लड गाइडेंस बुलेटिन के अनुसार अल्मोड़ा, बागेश्वर, चमोली, चम्पावत, देहरादून, पौड़ी, टिहरी, नैनीताल, पिथौरागढ़, रुद्रप्रयाग और उत्तरकाशी के कुछ जलग्रहण क्षेत्रों में अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) का खतरा बना हुआ है। लगातार बारिश के चलते नदियों और नालों का जलस्तर बढ़ सकता है…जबकि भूस्खलन और जलभराव की घटनाएं भी हो सकती हैं।
आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों और श्रद्धालुओं से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें। यात्रा आवश्यक होने पर पहले मौसम और सड़क की ताजा स्थिति की जानकारी अवश्य लें। नदी-नालों, भूस्खलन संभावित क्षेत्रों और उफनते जलस्रोतों से दूर रहें तथा प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी कहा कि लगातार बारिश और कई स्थानों पर हुए भूस्खलन को देखते हुए यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि जैसे ही मौसम में सुधार होगा और मार्ग सुरक्षित होंगे….चारधाम यात्रा दोबारा शुरू कर दी जाएगी।






