Dehradun News

अफगानिस्तान पर तालिबान के कब्जे से टेंशन में उत्तराखंड,80 पूर्व सैनिकों के घर लौटने का है इंतजार

अफगानिस्तान पर तालिबान के कब्जे से टेंशन में उत्तराखंड,80 पूर्व सैनिकों के घर लौटने का है इंतजार
Ad

देहरादून: तालिबान ने अफगानिस्तान पर कब्जा कर लिया है। अफगानिस्तान के राष्ट्रपति देश छोड़ कर जा चुके हैं। तालिबान ने काबुल समेत लगभग सभी शहरों पर कब्जा कर लिया है। राष्ट्रपति भवन के अंदर भी तालिबानी घुस चुके हैं।

ADVERTISEMENTS Ad

इधर उत्तराखंड में भी अफगानिस्तान संकट के कारण टेंशन लगातार बढ़ रही है। ऐसा इसलिए क्योंकि देश के करीब 150 पूर्व सैनिक अफगानिस्तान में अलग-अलग स्थानों पर सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी कर रहे थे। जिनमें से 80 पूर्व सैनिक उत्तराखंड के हैं।

यह भी पढ़ें: सुमित हृदयेश ने कहा आम आदमी पार्टी B टीम बनकर उत्तराखंड आ रही है-वीडियो

यह भी पढ़ें: लॉर्ड्स में उत्तराखंड के ऋषभ ने रचा इतिहास, सबसे तेज एक हजार रन बनाए

अफगानिस्तान में अलग-अलग दूतावासों में सिक्योरिटी की नौकरी कर रहे उत्तराखंड के 80 पूर्व सैनिकों वापस लाने की कोशिश की जा रही है। उनकी एजेंसी द्वारा ही फ्लाइट उपलब्ध करवाई जा रही हैं। जिससे वे बिना किसी संकट देश व प्रदेश वापिस आ सकें।

विदेश में सिक्योरिटी गार्ड आदि की नौकरी दिलाने के लिए सुमध गुरुंग एफएसआई नाम से सिक्योरिटी एजेंसी चलाते हैं। उन्होंने बताया कि एजेंसी के जरिए उत्तराखंड के 80 और भारत से कुल 150 पूर्व सैनिक नौकरी करते हैं। फिलहाल संकट के समय में वह सभी कर्मचारियों के संपर्क में हैं।

यह भी पढ़ें: उत्तराखंड सरकार ने हटाया पूर्वी पाकिस्तान शब्द,कैबिनेट के फैसलों पर डाले नजर

यह भी पढ़ें: फ्री बिजली: उत्तराखंड आप नेता अजय कोठियाल ने भाजपा व कांग्रेस को दी खुली चुनौती

जानकारी के अनुसार उन्हें यूएस और अन्य देशों की फ्लाइट के जरिए दोहा, कतर और यूके भिजवाया गया। यहां से सभी को सकुशल देश लाने की तैयारी है। मिली जानकारी के मुताबिक कर्मचारी सेना से रिटायर्ड हैं और अलग-अलग देशों के दूतावासों में सिक्योरिटी की नौकरी कर रहे थे।

लाजमी है कि तालिबान द्वारा अफगानिस्तान पर कब्जा करने के बाद यहां के हालात एकदम बदल चुके हैं। यही कारण है कि वहां फंसे सैनिकों को लेकर देश व उत्तराखंड भऱ में चिंता है। लिहाजा अब तैयारियां हैं कि उन्हें जल्द ही वापिस लाया जाएगा।

यह भी पढ़ें: पूत के पांव पालने में दिख जाते हैं…पवनदीप राजन ने दो साल की उम्र में किया था पहला कारनामा

यह भी पढ़ें: यात्रियों को करना पड़ेगा इंतजार, पिथौरागढ़ से शुरू होने वाली हवाई सेवा को लगा झटका

ADVERTISEMENTS Ad Ad
To Top