
Rani Rampal | International Day of Sport for Development and Peace | Mobile Creches | Play For Children | Child Rights | Hockey India | Sports News | Child Development | Women In Sports | Education | Social Impact | India News : अंतर्राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर मोबाइल क्रेच ने अपने “खेलते रहो, खिलते रहो” अभियान के तहत एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम में बच्चों, अभिभावकों, क्रेच कार्यकर्ताओं और समुदाय के लोगों ने भाग लिया। आयोजन का उद्देश्य यह संदेश देना था कि खेल हर बच्चे का अधिकार है और यह उसके विकास का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि भारतीय महिला हॉकी टीम की पूर्व कप्तान रहीं Rani Rampal। उन्होंने बच्चों के साथ समय बिताया, अभिभावकों से बातचीत की…और क्रेच कार्यकर्ताओं के प्रयासों की सराहना की।
इस दौरान रानी रामपाल ने कहा कि हर बच्चे को, चाहे वह किसी भी परिस्थिति में रह रहा हो, खेलने और अपने बचपन का आनंद लेने का अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने बच्चों को खेलों से जुड़ने और अपने सपनों को पूरा करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान मोबाइल क्रेच की सीईओ सुमित्रा मिश्रा और रानी रामपाल के बीच खेल, बचपन और बच्चों के विकास पर विशेष चर्चा भी हुई। दोनों ने इस बात पर जोर दिया कि समाज के हर वर्ग के बच्चों को सुरक्षित माहौल और खेल के पर्याप्त अवसर मिलने चाहिए।
इस अवसर पर बच्चों के लिए खेल, कला, संगीत और कहानी से जुड़ी कई गतिविधियां आयोजित की गईं। बच्चों ने उत्साह के साथ भाग लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। साथ ही बच्चों की देखभाल और विकास में योगदान देने वाले क्रेच कार्यकर्ताओं को सम्मानित भी किया गया।
मोबाइल क्रेच ने कहा कि देश में बड़ी संख्या में बच्चे निर्माण स्थलों और शहरी बस्तियों में रहते हैं…जहां खेल और विकास की पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिल पातीं। संस्था का मानना है कि खेल बच्चों के शारीरिक, मानसिक और सामाजिक विकास के लिए बेहद जरूरी है।
साल 1969 में स्थापित मोबाइल क्रेच पिछले कई दशकों से बच्चों के स्वास्थ्य, शिक्षा, पोषण और सुरक्षा के लिए कार्य कर रहा है। संस्था अब तक लाखों बच्चों तक अपनी सेवाएं पहुंचा चुकी है और हजारों केयर वर्करों को प्रशिक्षण दे चुकी है।






