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उत्तराखंड: नाराज ग्रामीणों का विरोध, 30 किमी नंगे पैर चलकर ज्ञापन देने पहुंचे

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नैनीताल: खैराना सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की बदहाल व्यवस्थाओं को लेकर बीते 28 दिनों से धरने व आमरण अनशन पर बैठे ग्रामीण शुक्रवार को खैरना से नंगे पैर पैदल चल मुख्यालय पहुंचे। इस दौरान ग्रामीणों ने कुमाऊं कमिश्नर कार्यालय पहुंच अपर आयुक्त संजय कुमार खेतवाल को ज्ञापन सौंपा। साथ ही जल्द विशेषज्ञ डॉक्टरों की तैनाती की मांग की।

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शुक्रवार को नैनीताल पहुंचे वक्ताओं ने कहा खैरना सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर तत्काल कार्यवाही होनी चाहिए, बदहाल व्यवस्था के चलते अनेक दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। वहीं सरकार आजादी के बाद स्वास्थ्य, शिक्षा और सड़क के नाम पर ही वोट मांगती है। उन्होंने कहा कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गरमपानी में रामगढ़, ताड़ाखेत और बेतालघाट के ग्रामीण इसी अस्पताल पर निर्भर है। उन्होने अस्पताल में बाल रोग, स्त्री रोग व हड्डी रोग विशेषज्ञ की मांग की है।

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वही चिकित्सा प्रभारी के तत्काल हटाने की मांग की है। इस दौरान पूर्व विधायक नारायण सिंह जंतवाल, राज्य आंदोलनकारी मोहन पाठक, केएल आर्य, छड़ा के ग्राम प्रधान प्रेम नाथ गोस्वामी, गजरोली ग्राम प्रधान भारती देवी, ग्राम प्रधान संगठन अध्यक्ष सविता बिष्ट, कन्नू गोस्वामी, शिवराज सिंह, वीरेंद्र सिंह, फिरोज अहमद, पूरन लाल साह, मोहनलाल,प्रेम नारायण, मनीष साह, कमला कुंजवाल,मनीषा त्रिपाठी, हेम लता,निर्मला, किशन लाल, मोहन जलाल आदि मौजूद रहे।

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