Uttar Pradesh

मीनू और सविता की भावुक कहानी, एकसाथ पहनी वर्दी, ड्यूटी भी साथ की…मौत भी साथ हुई

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मुरादाबाद: धार्मिक ग्रंथों को पढ़ें तो पता चलता है कि जीवन में इंसान के पास सीमित सांसें हैं। किस्मत में जितनी लिखी हैं…ईश्वर ना उससे कम सांसें देता है और ना ही ज्यादा। उत्तर प्रदेश पुलिस की दो महिला सिपाहियों, जिन्हें सहेलियां भी कहा जा सकता है, ने लगभग सारे काम एक साथ किए और इत्तेफाक देखिए, दोनों एक ही साथ दुनिया से विदा भी हो गईं।

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सोनकपुर थाने में तैनात महिला सिपाही मीनू और सविता की ड्यूटी एक ही साथ लगी हुई थी। दोनों साथ ही रहतीं और साथ ही ड्यूटी से घर लौटती थीं। लेकिन रविवार की रात कुछ अलग थी। दोनों सहेलियां घर लौटने के लिए निकली जरूर…मगर घर नहीं पहुंची। सिरसी बिलारी रोड पर गन्ने से भरी ट्रैक्टर ट्रॉली ने दोनों को बुरी तरह कुचल दिया। हादसे मों दोनों की मौत हो गई।

महिला सिपाही 23 वर्षीय मीनू और 22 वर्षीय सविता की भर्ती एक ही दिन 2 जून 2021 को हुई थी। इतना ही नहीं, दोनों ने 10 जनवरी 2022 को थाना सोनकपुर में भी एक साथ ड्यूटी ज्वाइन की थी। मीनू पुत्री गुरदास ग्राम करीमनगर बनबोई थाना गुलावठी बुलंदशहर और सविता पुत्री अर्जुन सिंह ग्राम नायसर थाना अरनिया जिला बुलंदशहर की रहने वाली थीं।

दोनों सिपाहियों ने कई थानों में एक ही साथ ड्यूटी की थी। उनके साथी पुलिसकर्मियों का कहना है कि दोनों सहेली के रूप में साथ रहती थीं और अक्सर अपनी ड्यूटी भी साथ साथ करती थीं। हाल में बिलारी की नुमाइश में भी दोनों की एक साथ ही ड्यूटी लगी थी। दोनों संग जाती, ड्यूटी करती और संग ही वापिस लौटती थी। रविवार रात को बिलारी की नुमाइश से लौटते समय हादसे में दोनों ने एक ही साथ दम तोड़ दिया।

बता दें कि दोनों पर अपने अपने परिवारों की जिम्मेदारियां थीं। दोनों ही इकलौती कमाने वाली थीं। सविता छह बहनों और एक भाई में सबसे बड़ी थी। एक अप्रैल 2021 को सविता के पिता अर्जुन सिंह की मौत हो गई थी। सविता ने दो छोटी बहनों की शादी कराने के बाद ही खुद की शादी करने का ठाना था। वहीं, मीनू के पिता गुरदास मजदूरी करते हैं। दोनों ही कुछ दिन में छुट्टी के बाद घर जाने वाली थीं।

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